भारी बिकवाली से शेयर बाजार में हाहाकार, सेंसेक्स-निफ्टी धड़ाम

Stock Market: बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में भारी बिकवाली के चलते सेंसेक्स 288 अंक और निफ्टी 88 अंक टूट गया. एचडीएफसी बैंक, एलएंडटी और रिलायंस के शेयरों में गिरावट रही. एफआईआई द्वारा 1,970 करोड़ रुपये की बिकवाली और वैश्विक बाजारों के मिले-जुले संकेतों ने निवेशकों की धारणा को प्रभावित किया. जून में जीएसटी संग्रह 1.84 लाख करोड़ और पीएमआई 58.4 पर रहा. आर्थिक संकेतक मजबूत हैं लेकिन निकट भविष्य में बाजार में सतर्कता जरूरी है.

Stock Market: एचडीएफसी समेत कई कंपनियों के शेयरों में बिकवाली की वजह से बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में शुरुआती तेजी ज्यादा देर टिक नहीं सकी. एचडीएफसी बैंक, एलएंडटी और रिलायंस इंडस्ट्रीज जैसे दिग्गज शेयरों में आई बिकवाली से बीएसई सेंसेक्स 287.60 अंक गिरकर 83,409.69 पर बंद हुआ. कारोबार के दौरान यह एक समय 546 अंक तक लुढ़क गया था. वहीं, एनएसई निफ्टी भी 88.40 अंक टूटकर 25,453.40 पर बंद हुआ.

बजाज फाइनेंस, एचडीएफसी बैंक जैसे शेयरों में भारी गिरावट

सेंसेक्स में शामिल बजाज फिनसर्व, एलएंडटी, बजाज फाइनेंस, एचडीएफसी बैंक, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स और कोटक महिंद्रा बैंक के शेयरों में गिरावट देखी गई. वहीं, टाटा स्टील, एशियन पेंट्स, अल्ट्राटेक सीमेंट और ट्रेंट जैसे शेयर लाभ में रहे.

एफआईआई की बिकवाली और वैश्विक संकेतों से दबाव

बाजार विश्लेषकों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) की ओर से की गई 1,970.14 करोड़ रुपये की बिकवाली और वैश्विक बाजारों के मिले-जुले संकेतों ने निवेशकों की धारणा को प्रभावित किया. जियोजीत फाइनेंशियल के रिसर्च हेड विनोद नायर ने कहा कि शुल्क छूट की समाप्ति से पहले निवेशक सतर्क हैं और अब बाजार की निगाहें कंपनियों के पहली तिमाही के नतीजों पर हैं.

वृहद आर्थिक संकेतक मजबूत, फिर भी सतर्कता जरूरी

भारत की विनिर्माण गतिविधियां जून में 14 महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई हैं. एचएसबीसी इंडिया मैन्युफैक्चरिंग पीएमआई 58.4 रहा, जो मई के 57.6 से बेहतर है। इससे उत्पादन, नए ऑर्डर और रोजगार में सुधार का संकेत मिला है. वहीं, जीएसटी संग्रह जून 2025 में 1.84 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 6.2 प्रतिशत अधिक है.

वैश्विक बाजारों का मिला-जुला प्रदर्शन

एशियाई बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की और चीन का शंघाई कम्पोजिट नुकसान में रहे, जबकि हांगकांग का हैंगसेंग सूचकांक लाभ में रहा. यूरोपीय बाजारों में दोपहर के सत्र में तेजी देखी गई, जबकि अमेरिकी बाजार मंगलवार को मिश्रित रुख के साथ बंद हुए.

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कच्चे तेल में तेजी, ब्रेंट क्रूड 67.69 डॉलर पर

अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में ब्रेंट क्रूड 0.86% की बढ़त के साथ 67.69 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया है. इससे पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर दबाव बढ़ सकता है. बाजार में बिकवाली का दबाव, वैश्विक अस्थिरता और एफआईआई की निकासी से आने वाले दिनों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है. हालांकि, मजबूत आर्थिक संकेतकों से दीर्घकालिक निवेशकों को राहत मिल सकती है.

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लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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