Flight Ticket Refund Rules 2026: अक्सर फ्लाइट टिकट कैंसिल होने पर एयरलाइंस यात्रियों को पैसे वापस करने के बजाय क्रेडिट शेल या वाउचर थमा देती थीं, जिसका इस्तेमाल अगली यात्रा में ही किया जा सकता था. लेकिन अब DGCA के नए नियमों ने यात्रियों को अपना हक वापस दिला दिया है.
आपकी मर्जी, आपका पैसा
नए नियमों के अनुसार, अब रिफंड का पैसा ‘क्रेडिट शेल’ (वाउचर) में रखना है या बैंक अकाउंट में वापस लेना है, यह पूरी तरह यात्री का फैसला होगा. एयरलाइन अपनी मर्जी से आपको वाउचर लेने के लिए मजबूर नहीं कर सकती. अगर आप नकद पैसा वापस चाहते हैं, तो कंपनी को हर हाल में रिफंड देना होगा.
पाई-पाई का देना होगा हिसाब
अब एयरलाइंस को टिकट कैंसिल होने पर कटने वाले चार्ज और वापस मिलने वाली राशि का पूरा ब्योरा देना होगा.
- यह जानकारी टिकट या अलग फॉर्म पर साफ-साफ लिखी होनी चाहिए.
- एयरलाइन को अपनी वेबसाइट पर भी रिफंड का पूरा गणित दिखाना होगा.
इससे यात्रियों को पहले से पता रहेगा कि कैंसिलेशन के बाद उन्हें असल में कितना रिफंड मिलेगा.
रिफंड के लिए तय हुई समयसीमा
DGCA ने रिफंड मिलने की डेडलाइन भी तय कर दी है ताकि यात्रियों को हफ्तों इंतजार न करना पड़े:
- अगर पेमेंट क्रेडिट कार्ड से हुई है, तो 7 वर्किंग डेज के अंदर पैसा वापस करना होगा.
- अगर टिकट किसी एजेंट के जरिए बुक है, तो भी जिम्मेदारी एयरलाइन की होगी और 14 वर्किंग डेज में रिफंड पूरा करना होगा.
- नकद भुगतान की स्थिति में उसी दफ्तर से तुरंत रिफंड मिलेगा, जहाँ से टिकट लिया गया था.
यात्रियों को क्या होगा फायदा?
26 मार्च से लागू होने वाले इन नियमों से एयरलाइंस की मनमानी खत्म होगी. अब यात्री रिफंड के रूप में अपनी मेहनत की कमाई वापस पा सकेंगे, न कि उन्हें मजबूरी में भविष्य के वाउचर लेने पड़ेंगे. यह कदम हवाई सफर को और भी ज्यादा पैसेंजर-फ्रेंडली बनाएगा.
