पिछले 2 साल के मुकाबले गांवों में घटी महंगाई, बजट 2026 से पहले वित्त मंत्री ने पेश किया रिपोर्ट

Economic Survey 2026: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश आर्थिक समीक्षा 2025-26 के अनुसार, दो साल बाद ग्रामीण महंगाई में बड़ी गिरावट आई है. अब गांवों में महंगाई शहरों के मुकाबले कम है, जिससे ग्रामीण तनाव घटा है. दिल्ली-हिमाचल जैसे राज्यों में राहत दिखी है, जबकि केरल में कीमतें अब भी उच्च स्तर पर हैं.

Economic Survey 2026: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में आर्थिक समीक्षा इकोनॉमिक सर्वे 2025-26 पेश की. इस रिपोर्ट की सबसे बड़ी राहत भरी खबर यह है कि पिछले दो सालों के मुकाबले ग्रामीण इलाकों में महंगाई में बड़ी गिरावट आई है.

ग्रामीण भारत को महंगाई से बड़ी राहत

पिछले दो वर्षों (2023 और 2024) में गांवों में महंगाई शहरों के मुकाबले ज्यादा थी, जिससे ग्रामीण परिवारों पर आर्थिक दबाव बना हुआ था. लेकिन अब तस्वीर बदल गई है. 2025 के दौरान खाने-पीने की चीजों के दाम कम होने से गांवों में महंगाई दर, शहरी महंगाई दर से भी नीचे आ गई है. इससे ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों का तनाव कम हुआ है.

कहीं राहत, कहीं अब भी दबाव

  • देश के ज्यादातर राज्यों में महंगाई भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के सुरक्षित दायरे (2% से 6%) के भीतर रही.
  • केरल और लक्षद्वीप में महंगाई दर 6% के ऊपरी स्तर को छू गई. दक्षिण और उत्तर के कुछ दूरदराज के राज्यों में भी महंगाई राष्ट्रीय औसत से अधिक रही.
  • दिल्ली और हिमाचल प्रदेश जैसे राज्यों में महंगाई दर राष्ट्रीय औसत से काफी कम दर्ज की गई.

महंगाई घटने-बढ़ने के मुख्य कारण

सर्वे में यह बात सामने आई है कि किसी राज्य में महंगाई कितनी होगी, यह केवल देश के हालात पर नहीं बल्कि वहां के स्थानीय कारणों पर भी निर्भर करता है:

  • जिन राज्यों में मजदूरी (Wage Rate) राष्ट्रीय औसत से ज्यादा है, वहां महंगाई दर और जीडीपी ग्रोथ के बीच सीधा संबंध देखा गया है.
  • जिन राज्यों में औद्योगिक उत्पादन ज्यादा है, वहां सप्लाई चेन मजबूत होने के कारण कीमतों पर दबाव कम देखा गया.
  • रिपोर्ट के अनुसार, GST की वजह से राज्यों के बीच महंगाई के अंतर में कोई खास बदलाव नहीं पाया गया है.

Also Read: निर्मला सीतारमण ने पेश किया लेखा-जोखा, ये हैं अर्थव्यवस्था की 10 सबसे बड़ी बातें

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Anshuman parashar

अंशुमान पराशर पिछले दो वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल के लिए बिजनेस की लेटेस्ट खबरों पर काम कर रहे हैं. इसे पहले बिहार की राजनीति, अपराध पर भी इन्होंने खबरें लिखी हैं. बिहार विधान सभा चुनाव 2025 में इन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग और विस्तृत राजनीतिक कवरेज किया है.
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >