नयी दिल्ली : लोकसभा में आज राज्यसभा द्वारा संशोधित जीएसटी बिल पारित हो गया है. लंबे समय से अटके इस बिल को आर्थिक सुधारों की महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में देखा जा रहा है. उधर राज्यों से खबर आ रही है कि कई राज्य विधानसभा के मानसून सत्र में ही इस बिल को पास करवाने की कवायद शुरू कर सकते हैं.हालांकि जीएसटी बिल के लिए केंद्र सरकार की सबसे बड़ी अड़चन राज्य सभा थी. राज्यसभा में केंद्र सरकार को बहुमत प्राप्त नहीं था. इस बार यह अड़चन भी दूर हो गयी. यूपीए सरकार ने भी जीएसटी बिल को पारित करवाने की कोशिशे की थी लेकिन उस वक्त कामयाबी नहीं मिल पायी.
राज्यसभा के बाद लोकसभा में भी पास हुआ GST, अब गेंद राज्यों के पाले में
नयी दिल्ली : लोकसभा में आज राज्यसभा द्वारा संशोधित जीएसटी बिल पारित हो गया है. लंबे समय से अटके इस बिल को आर्थिक सुधारों की महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में देखा जा रहा है. उधर राज्यों से खबर आ रही है कि कई राज्य विधानसभा के मानसून सत्र में ही इस बिल को पास करवाने […]

इस बिल को पारित करवाने में केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली, भाजपा के वरिष्ठ नेता वैंकया नायडू व संसदीय कार्य मंत्री अनंत कुमार ने 100 से ज्यादा बैठके की. अब गेंद राज्यों के पाले में है. केंद्र सरकार को उम्मीद है कि 16 राज्यों की विधानसभाएं इस महीने के अंत तक मंजूरी दे देगी. महाराष्ट्र विधानसभा का सत्र गुरूवार को ही समाप्त हो जायेगा लेकिन सीएम देवेंद्र फड़नवीस ने सत्र की अवधि बढ़ाने का फैसला लिया है. गोवा और असम में बजट सत्र चल रहा है. संभावना है कि वहां भी जीएसटी इसी माह पारित हो जायेगी.
नीतीश कुमार पहले ही बोल चुके हैं कि जीएसटी पारित करवाने के लिए मंत्रीपरिषद राज्यपाल से विशेष सत्र बुलाने को कहेंगी. कल तेलांगना के मुख्यमंत्री चंद्रशेखर राव ने भी विशेष सत्र बुलाने की बात कही है. आधे से अधिक राज्यों में इस बिल के पारित होने के बाद जीएसटी विधेयक राष्ट्रपति के पास जायेगी. राष्ट्रपति के हस्ताक्षर के बाद प्रस्तावित जीएसटी काउंसिल का काम शुरू हो जायेगा.