मुंबई : सरकार ने नकदी संकट से जूझ रही एयर इंडिया के लिए 500 करोड़ रुपये की गारंटी दी है. इससे एयरलाइन को परिचालन संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए ताजा कोष हासिल करने में मदद मिलेगी. घाटे में चल रही एयर इंडिया ने पिछले सप्ताह मुख्य रूप से परिचालन जरूरतों को पूरा के लिए कोष जुटाने को लेकर 2,400 करोड़ रुपये की गारंटी मांगी थी.
एयरलाइन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि सरकार ने एयर इंडिया को 500 करोड़ रुपये की गारंटी दी है. यह एयरलाइन को बुधवार को दिया गया. उन्होंने कहा कि सरकारी गारंटी से एयरलाइन को कुछ कोष हासिल करने में मदद मिलेगी. एयर इंडिया बैंकों के साथ पहले से कोष को लेकर बातचीत कर रही है. यह गारंटी 7,600 करोड़ रुपये की गारंटी का हिस्सा है, जो चालू वित्त वर्ष में एयरलाइन को उपलब्ध करायी जायेगी.
अस्थायी अनुमान के अनुसार, एयर इंडिया को 2018-19 में 8,556.35 करोड़ रुपये का घाटा हुआ. पिछले महीने नागर विमानन राज्य मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने संसद में कहा था कि अगर एयर इंडिया का निजीकरण नहीं हुआ, तो उसे अपना कारोबार बंद करना पड़ जायेगा. एयर इंडिया विशिष्ट वैकल्पिक प्रणाली (एआईएसएएम) ने एयर इंडिया एक्सप्रेस के साथ सरकार की एयर इंडिया में 100 फीसदी हिस्सेदारी बिक्री की प्रक्रिया को फिर से शुरू करने को मंजूरी दी है. सरकार चालू वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में 100 फीसदी रणनीतिक बिक्री के लिए रुचि पत्र जारी कर सकती है.
