मुंबई : बैंकिंग आैर वित्तीय क्षेत्र में अब तक के सबसे बड़े पंजाब नेशलन बैंक (पीएनबी) घाेटाले पर रिजर्व बैंक ने साफ तौर पर उसकी नियंत्रण प्रणाली पर ही सवाल खड़े किये हैं. केंद्रीय बैंक ने यह साफ कर दिया है कि पीएनबी के कंट्रोलिंग सिस्टम में ही खोट है. सबसे बड़े घाेटाले को लेकर रिजर्व बैंक पीएनबी पर कड़ा एक्शन लेने के मूड में दिखायी दे रहा है. रिजर्व बैंक ने शुक्रवार को कहा है कि उसने घोटाले से जूझ रहे पंजाब नेशनल बैंक की नियंत्रण प्रणाली का आकलन किया है और वह मामले में ‘उचित निरीक्षणात्मक कारवाई’ करेगा.
देश में सार्वजनिक क्षेत्र के दूसरे सबसे बड़े बैंक के सामने 11,400 करोड़ रुपये का धोखाधड़ी का मामला सामने आया है. यह मामला आभूषण डिजाइनर नीरव मोदी से जुड़़ा है. रिजर्व बैंक ने यहां जारी एक वक्तव्य में कहा है कि उसने पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) की नियंत्रण प्रणाली को लेकर पहले ही निरीक्षणात्मक आकलन कर लिया है. पीएनबी में जो धोखाधड़ी का मामला सामने आया है, वह आंतरिक नियंत्रण प्रणाली की असफलता और उसके एक अथवा अधिक कर्मचारियों के दोषपूर्ण व्यवहार की वजह से उपजे संचालन जोखिम का मामला है.
इसे भी पढ़ेंः #PNB_Scam…सरकार ने किया दावा : जहां कहीं भी है नीरव मोदी, वहां से अब भाग नहीं पायेगा
वक्तव्य में कहा गया है कि रिजर्व बैंक ने पहले ही पीएनबी की नियंत्रण प्रणाली की व्यवस्था संबंधी आकलन कर लिया है और अब वह मामले में उचित निरीक्षिणात्मक कारवाई करेगा. रिजर्व बैंक ने मीडिया में आयी उन खबरों से भी इनकार किया है, जिनमें कहा गया है कि रिजर्व बैंक ने पीएनबी से कहा है कि वह गारंटी पत्र के तहत दिये गये अपने वचन को पूरा करने और संबंधित बैंकों को भुगतान करे. रिजर्व बैंक ने कहा कि नीरव मोदी धोखाधड़ी मामले में उसने गारंटी का सम्मान करते हुए पंजाब नेशनल बैंक को दूसरे बैंकों को भुगतान करने का कोई निर्देश नहीं दिया है.
