रामगढ़ से 'मुन्ना भाई' स्टाइल में परीक्षा पास कराने का पर्दाफाश, JEE Mains धांधली में 2 को जेल

JEE Mains Scam: रामगढ़ स्थित राधा गोविंद विश्वविद्यालय में आयोजित जेईई मेंस परीक्षा में तकनीकी गड़बड़ी के आरोपी राजेश ठाकुर और रविशंकर को 48 घंटे की पुलिस रिमांड के बाद रविवार को पुनः जेल भेज दिया गया. पूछताछ के दौरान पुलिस ने परीक्षा केंद्र में कंप्यूटर सिस्टम और मॉनिटर बदलने से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां जुटाई हैं. इस मामले में अब तक कुल पांच आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है.

JEE Mains Scam, रामगढ़, (भागीरथ महतो की रिपोर्ट): रामगढ़ जिला अंतर्गत राधा गोविंद विश्वविद्यालय में आयोजित जेईई मेंस (JEE Mains) परीक्षा में हुई हाई-टेक तकनीकी धांधली के मामले में पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ा दिया है. इस मामले के दो नामजद आरोपियों, राजेश ठाकुर और रविशंकर, को 48 घंटे की पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की गई, जिसके बाद रविवार को उन्हें फिर से न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया.

आत्मसमर्पण के बाद रिमांड पर हुई पूछताछ

बता दें कि राजेश ठाकुर ने बीते 28 अप्रैल को और रविशंकर ने 4 मई को न्यायालय में सरेंडर किया था. रामगढ़ थाना पुलिस ने साक्ष्यों के संकलन के लिए कोर्ट से इनकी रिमांड मांगी थी. 48 घंटों की इस गहन पूछताछ के दौरान पुलिस ने परीक्षा केंद्र के भीतर मॉनिटर बदलने और कंप्यूटर सिस्टम में की गई छेड़छाड़ के तौर-तरीकों से संबंधित विस्तृत जानकारी जुटाई है. सूत्रों के अनुसार, आरोपियों ने बताया है कि किस तरह तकनीकी रूप से सिस्टम में सेंध लगाकर परीक्षा की गरिमा से खिलवाड़ किया गया.

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अब तक पांच आरोपी पहुंच चुके हैं जेल

जेईई मेंस परीक्षा में हुई इस बड़ी गड़बड़ी के मामले में पुलिस अब तक कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है. राजेश और रविशंकर से पहले दिनेश कुमार महतो, सूरज कुमार सिंह और साकिर अंसारी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था. रामगढ़ थाना में दर्ज प्राथमिकी के आधार पर पुलिस इस संगठित गिरोह के अन्य सदस्यों और मास्टरमाइंड की तलाश में जुटी है.

तकनीकी साक्ष्यों पर पुलिस का फोकस

पुलिस अब आरोपियों से मिली जानकारी का मिलान कंप्यूटर लैब के डिजिटल लॉग्स और अन्य तकनीकी साक्ष्यों से कर रही है. यह जांच इस बिंदु पर भी केंद्रित है कि क्या इस धांधली में किसी बाहरी सॉफ्टवेयर या रिमोट एक्सेस का उपयोग किया गया था. रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपियों को कड़ी सुरक्षा के बीच न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया.

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By Sameer Oraon

इंटरनेशनल स्कूल ऑफ बिजनेस एंड मीडिया से बीबीए मीडिया में ग्रेजुएट होने के बाद साल 2019 में भारतीय जनसंचार संस्थान दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. 5 साल से अधिक समय से प्रभात खबर में डिजिटल पत्रकार के रूप में कार्यरत हूं. इससे पहले डेली हंट में बतौर प्रूफ रीडर एसोसिएट के रूप में काम किया. झारखंड के सभी समसामयिक मुद्दे खासकर राजनीति, लाइफ स्टाइल, हेल्थ से जुड़े विषयों पर लिखने और पढ़ने में गहरी रुचि है. तीन साल से अधिक समय से झारखंड डेस्क पर काम कर रहा हूं. फिर लंबे समय तक लाइफ स्टाइल के क्षेत्र में भी काम किया हूं. इसके अलावा स्पोर्ट्स में भी गहरी रुचि है.

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