भूमि स्वामित्व प्रमाणपत्र व लगान की प्रक्रिया भी होगी ऑनलाइन
पटना : राज्य में जमीन की ऑनलाइन दाखिल -खारिज की प्रक्रिया तीन माह में शुरू होगी. ऑनलाइन की प्रक्रिया शुरू होते ही जमीन का भूमि स्वामित्व प्रमाणपत्र (एलपीसी) व लगान भी ऑनलाइन से जमा हो पायेगा. सरकार ने पायलट प्रोजेक्ट के तहत पहले चरण में 46 अंचलों में ऑनलाइन दाखिल खारिज शुरू करने का निर्णय लिया है. अगले माह जून से लेकर अगस्त माह के बीच में इन अंचलों में ऑनलाइन की प्रक्रिया शुरू करने का काम पूरा हो जायेगा.
इस लक्ष्य को तय मानकर जमीन की जमाबंदी का कंप्यूटराइजेशन के काम को अंतिम रूप दिया जा रहा है. सॉफ्टवेयर तैयार किया जा रहा है. सभी जिले के डीएम को जमीन की ऑनलााइन दाखिल खारिज की प्रक्रिया को समय पर पूरा कराने के लिए पूरी मुस्तैदी से मॉनीटरिंग करने को कहा गया है.
जमीन की जमाबंदी का कंप्यूटराइजेशन का काम जल्द पूरा करने के लिए एक कैलेंडर तैयार किया गया है. इसमें मौजा वार व हल्का वार काम पूरने का दायित्व बांटा गया है. जमाबंदी पंजी का कंप्यूटराइजेशन होने से एक क्लिक पर जमीन की सारी जानकारी मिलेगी. नयी व्यवस्था होने से जमीन मालिक को खतियान का नकल मिलने में सुविधा होगी. उन्हें अपनी जमीन पर दावा संबंधित सर्टिफिकेट के अलावा जमीन के उस हिस्से का नक्शा सुलभ कराना आसान होगा. जमीन की खरीददारी करने पर जमीन के बारे में पूरा ब्योरा मिलेगा. लगान ऑनलाइन जमा हो पायेगा.
पहले चरण में 46 अंचलों में काम शुरू होगा. सभी जिले के जिला मुख्यालयों के सदर अंचल में जमीन की ऑनलाइन दाखिल-खारिज की प्रक्रिया शुरू होगी. पटना में पटना सदर, दानापुर व फुलवारीशरीफ, पूर्णिया में कृत्यानंद नगर व पूर्णिया पूर्वी, भागलपुर में जगदीशपुर व नाथनगर, दरभंगा में बहादुरपुर व दरभंगा, मधुबनी में पंडौल व रहिका, मुजफ्फरपुर में मुसहरी व कांटी, नालंदा में बिहारशरीफ व नालंदा सदर सहित अन्य जिले के सदर अंचल शामिल है.
जिला स्तर पर जमाबंदी पंजी के कंप्यूटराइजेशन का काम सदर अंचल में एडीएम के नियंत्रण में व सदर अंचल के अतिरिक्त अन्य चयनित अंचल में जिला के भू सुधार उपसमाहर्ता के नियंत्रण में होगा. राजस्व व भूमि सुधार विभाग के भूअभिलेख व परिमाप निदेशक वीरेंद्र कुमार मिश्र ने सभी डीएम को पत्र लिख कर जमीन के कंप्यूटराइजेशन व ऑनलाइन की प्रक्रिया को व्यक्तिगत स्तर से देखरेख करने को कहा है.
पटना : प्रदेश कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर अपने चुनावी वादे भूलने का आरोप लगाया है. पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता व पूर्व विधान पार्षद लालबाबू लाल व प्रदेश सचिव विध्यांचल आनंद ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बनारस में कहा था कि उन्हें गंगा मइया ने बुलाया है. लेकिन पीएम का गंगा मइया पर कोई ध्यान नहीं है. उन्होंने कहा कि गंगा में गाद से बिहार परेशान है. आने वाले दिनों में इस समस्या से गंगा किनारे के सभी राज्य परेशान होंगे. बिहार में गंगा का पूर्ण प्रवाह गाद के कारण बाधित हो चुका है.
पानी की कमी से जगह-जगह टापू उभर आये हैं. यूपी, उत्तराखंड, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल के दरवाजे पर बाढ़ की समस्या दस्तक दे रही है. इस समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया तो भविष्य में विकराल होगा.
