Nag Panchami 2021: शेषनाग समेत इन आठ नाग देवताओं की होती है नाग पंचमी पर पूजा, जानें सभी का पौराणिक इतिहास

Prabhat khabar Digital

नाग पंचमी के दिन अनन्त, वासुकि, महापद्म, पद्म, कुलीक, तक्षक, कर्कट और शंख नाग को पूजने का विधान है.

Happy Nag Panchami 2021 | Unsplash

अनंत (शेषनाग): अनंत नाग भगवान विष्णु के सेवक थे जिन्हें शेषनाग के नाम से जाना जाता है. कहा जाता है कि इनके सहस्र फन पर धरती टिकी हुई है.

Sheshnag Nag Panchami | amazon

वासुकि नाग: ये नाग को भगवान शिव का सेवक माना गया है. कहा जाता है कि समुद्र मंथन के दौरान मंदराचल पर्वत को मथने के लिए वासुकि नाग को ही रस्सी बनाया गया था.

Happy Nag Panchami 2021 | Unsplash

पद्म नाग: ऐसी मान्यता है कि पदम नागों का गोमती नदी के पास के नेमिश क्षेत्र पर शासन हुआ करता था. जो बाद में मणिपुर में बस गए. इन्हें असम में नागवंशी कहा जाता है.

Nag Panchami | Unsplash

महापद्म: सांप के विभिन्न कुलों का विष्णुपुराण में नाम आया था. उन्हीं में से एक है महाद्म नाग.

Nag Devta | Unsplash

तक्षक नाग: महाभारत में तक्षक नाग का वर्णन है. जो पाताल में निवास करते है. कहा जाता है कि यह माता कद्रू के गर्भ से उत्पन्न हुए थे. इनके पिता कश्यप ऋषि है.

तक्षक नाग | Unsplash

कुलिक नाग: इस नाग को ब्राह्मण कुल का माना गया है. जिनका संबंध ब्रह्मा जी से बताया जाता है.

कुलिक नाग | Unsplash

कर्कट नाग: कहा जाता है कि कर्कट शिव के एक गण हैं. सर्पों की मां कद्रू ने एक बार नागों को सर्प यज्ञ में भस्म होने का श्राप दिया.

कर्कट नाग | Unsplash

शंख नाग: शंख नाग नागों के आठ कुलों में शंख माने गए है. अर्थात इन्हें सबसे बुद्धिमान माना गया है.

शंख नाग | Unsplash